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दिल्ली की पूर्व मुख्यमंत्री स्व श्रीमती शीला दीक्षित जी की पुण्यतिथि पर प्रदेश अध्यक्ष चौ अनिल कुमार ने दी श्रद्धाँजलि

- 20 July 2022

दिल्ली की पूर्व मुख्यमंत्री स्व श्रीमती शीला दीक्षित जी की पुण्यतिथि पर प्रदेश अध्यक्ष चौ अनिल कुमार ने दी श्रद्धाँजलि

रिपोर्ट: जगजीत सिंह

नई दिल्ली, 20 जुलाई, 2022 – दिल्ली की पूर्व मुख्यमंत्री स्व0 श्रीमती शीला दीक्षित की तीसरी पुण्यतिथि पर दिल्ली प्रदेश कांग्रेस कमेटी कार्यालय में आयोजित श्रद्धाजंलि सभा में दिल्ली प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष चौ0 अनिल कुमार सहित मौजूद अन्य नेताओं और कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने शीला जी की तस्वीर पर पुष्पांजलि अर्पित की। चौ0 अनिल कुमार ने शीला दीक्षित जी की स्मृति में प्रदेश कांग्रेस कार्यालय के प्रांगण में पौधा भी लगाया।

श्रद्धाजंलि सभा और वृक्षारोपण में शीला जी के पुत्र पूर्व सांसद श्री संदीप दीक्षित, कम्युनिकेशन विभाग के चेयरमैन व पूर्व विधायक श्री अनिल भारद्वाज, दिल्ली सरकार के पूर्व मंत्री प्रो0 किरण वालिया, पूर्व विधायक हरी शंकर गुप्ता, अमरीश गौतम और जसवंत राणा, कम्युनिकेशन विभाग के वाईस चेयरमैन परवेज आलम, डा0 नरेश कुमार, दिल्ली सेवादल के मुख्य संगठक सुनील कुमार, नरेश शर्मा नीटू सहित जिला अध्यक्ष, ब्लाक अध्यक्ष, महिला कांग्रेस, युवा कांग्रेस, सेवादल और एनएसयूआई के पदाधिकारी भी मौजूद थे। शीला जी की पुण्यतिथि पर उनके निवास पर आयोजित श्रद्धाजंलि सभा में भी प्रदेश अध्यक्ष चौ0 अनिल कुमार उपस्थित और पुष्पाजंलि अर्पित की।

चौ0 अनिल कुमार ने कहा कि दिल्ली में जो जो विकास दिखाई दे रहा है वह हमारी प्रिय नेता शीला दीक्षित की देन है और दिल्लीवासी शीला जी को आधुनिक दिल्ली की आर्किटेक्ट के रुप में जानते है, क्योंकि उनके 15 वर्षों के शासन में दिल्ली का अभूतपूर्व विकास हुआ। उन्होंने कहा कि कांग्रेस सरकार ने दिल्ली में विकास की जो बुनियाद स्थापित की मौजूदा सरकार उन्हीं योजनाओं और सोच पर काम कर रही है, केजरीवाल सरकार के पास दिल्ली के विकास का अपनी कोई सोच नही है। उन्होंने कहा कि केजरीवाल केवल राजनीतिक उदेश्यों की पूर्ति और भविष्य की घोषणाओं पर आधारित प्रचार प्रसार की रणनीति पर काम कर रहे है, उनके पास राजधानी में वर्तमान को बेहतर बनाने की कोई योजना नही है।

चौ0 अनिल कुमार ने कहा कि मुख्यमंत्री केजरीवाल की दिल्ली के प्रति असंवेदनशीलता का परिणाम है कि दिल्ली विधानसभा की बैठकों में भारी कमी आई है जबकि राज्य के विकास के लिए महत्वूपर्ण फैंसले विधानसभा बैठक में ही लिए जाते है। उन्होंने कहा कि पूर्व मुख्यमंत्री शीला दीक्षित ने जिन मूल्यों को आधार बनाकर दिल्ली में जन-जन के विकास और कल्याण हेतू कार्य योजनाऐं बनाई थी, अरविन्द केजरीवाल उन योजनाओं को कार्यान्वित करने की बजाय दिल्ली के लोगों को भ्रमित करने के लिए सिर्फ गारंटी देने की घोषणा करते है। केजरीवाल झूठ और गुमराह करने के प्रोपेगेंडा दिल्ली और पंजाब में चलाने के बाद अब गुजरात चलाने की घोषणा कर रहे है।

चौ0 अनिल कुमार ने कहा कि मोदी सरकार द्वारा सेन्ट्रल विस्ता बनाने की तर्ज पर दिल्ली की केजरीवाल सरकार भी सुव्यवस्थित दिल्ली सचिवालय होने के बावजूद दिल्ली की जनता के पैसे से आईटीओ पर 35 मंजिला ट्विन टावर बनाने की योजना कर रहे है, जिसके केजरीवाल राजस्व घाटे में चल रही दिल्ली पर 1910 करोड़ का अतिरिक्त बोझ डालने का मन बना चुके है। उन्होंने कहा कि क्या मोदी सरकार के अनुसरण पर दिल्ली सरकार द्वारा नया सचिवालय बनाना शायद ही दिल्ली के हित में हो। क्योंकि दिल्ली सरकार 38,155 करोड़ रुपये की कर्जदार है।

चौ0 अनिल कुमार ने कहा कि शीला जी ने 15 वर्ष सादगी और सफलता के साथ दिल्ली के लोगों का विकास किया। कभी भी बेरोजगारी और महंगाई को दिल्ली की जनता पर हावी नही होने दिया गया। दिल्ली में आज मौजूद शिक्षा और स्वास्थ्य व्यवस्था बरकरार है उसकी बुनियाद शीला दीक्षित सरकार की देन है जबकि केजरीवाल हर जगह आम आदमी पार्टी प्रशासन का ढ़िढोंरा पीटते नजर आते है। उन्होंने कहा कि दिल्ली में सुगम परिवहन व्यवस्था, पर्यावरण सुगम बनाने के लिए सीएनजी युक्त वाहन, फ्लाई ओवरों, अंडरपास -ओवर ब्रिजों, रोड़, अस्पताल, स्कूल, कॉलेज, विश्वविद्यालय, स्टेडियम दिल्ली की शीला सरकार के कार्यकाल में ही बनाए गए।